न्यूज़ व्यूज़ पोस्ट | रामपुर बुशहर । किन्नौर एवं रामपुर की विशेष अदालत ने वर्ष 2022 के चरस बरामदगी मामले में दो आरोपियों को दोषी करार देते हुए 8-8 वर्ष के कठोर कारावास और 80-80 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषियों को 15 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
जिला न्यायवादी एल.एम. शर्मा की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार, विशेष न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर की अदालत ने आरोपी सुनील चौहान पुत्र महेंद्र सिंह निवासी टीला, डाकघर बच्छूट, तहसील बंजार, जिला कुल्लू, उम्र 24 वर्ष तथा सोमू पुत्र काशी राम निवासी वार्ड नंबर-5, डाकघर बच्छूट चुनार, तहसील बंजार, जिला कुल्लू, उम्र 32 वर्ष को दोषी करार दिया।
कार की डैशबोर्ड से मिली थी चरस
मामला वर्ष 2022 का है। 30 मार्च 2022 को डिटेक्शन सेल शिमला और पुलिस चौकी नारकंडा की संयुक्त टीम ने गश्त के दौरान कार नंबर HP-??-8036 को शक के आधार पर रोककर उसमें सवार दोनों व्यक्तियों की तलाशी ली थी।
तलाशी के दौरान कार की डैशबोर्ड से 803 ग्राम चरस/कैनाबिस बरामद हुई थी। इस बरामदगी के संबंध में पुलिस थाना कुमारसैन में FIR संख्या 21/22, दिनांक 30 मार्च 2022 को ND&PS Act की धारा 20 और 29 के तहत मामला दर्ज किया गया था।
14 गवाहों के बयान के बाद फैसला
अदालत में अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 14 गवाहों के बयान दर्ज करवाए गए। अदालत ने सभी तथ्यों और साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए तथा दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद दोनों आरोपियों को दोषी करार दिया।
विशेष न्यायाधीश, किन्नौर स्थित रामपुर ने 8 अक्टूबर 2026 को दोनों दोषियों को 8-8 वर्ष के कठोर कारावास और 80-80 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
सरकार की ओर से इस मामले की पैरवी जिला न्यायवादी एल.एम. शर्मा ने की।
