नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद त्रिशूली हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट की टनल में 100 से अधिक लोगों के फंसे होने की सूचना है। इसी टनल में काम करने वाले हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के मैहतपुर-बसदेहड़ा निवासी मेकेनिकल इंजीनियर सुखविंद्र भी बुधवार से लापता हैं। बाढ़ के बाद से उनका परिवार लगातार उनसे संपर्क करने का प्रयास कर रहा है, लेकिन अभी तक कोई सीधा संपर्क नहीं हो पाया है।
सुखविंद्र नेपाल में त्रिशूली हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट में मेकेनिकल इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं। परिजनों के अनुसार बाढ़ के कारण प्रोजेक्ट की टनल का प्रवेश द्वार गाद और मलबे से बंद हो गया है। इसके चलते टनल के अंदर मौजूद लोगों से संपर्क स्थापित करना मुश्किल हो गया है।
परिवार को मिली जानकारी के मुताबिक टनल के मुहाने के आगे बड़ी मात्रा में गाद जमा है। इसे हटाने के लिए राहत और बचाव दल युद्धस्तर पर काम कर रहे हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि गाद हटाने का काम पूरा होने के बाद टनल के अंदर फंसे लोगों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी और उनसे संपर्क स्थापित किया जा सकेगा।
भाई और भतीजा पहुंचे काठमांडो
सुखविंद्र के पिता हुसन लाल ने बताया कि शनिवार दोपहर करीब तीन बजे उनके बड़े बेटे वीरेंद्र और भतीजे शिवम से फोन पर बातचीत हुई थी। दोनों सुखविंद्र की तलाश के लिए काठमांडो पहुंचे हुए हैं। उन्हीं से नेपाल में चल रहे राहत और बचाव कार्य की जानकारी परिवार को मिल रही है।
Source: Read original article
