
नाहन में मुस्लिम परिवार बना रहा रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतले ।
– फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विस्तार
Source: Read original article
Hindi & English Breaking News
{“_id”:”6ad103567640775e1301f1a8″,”slug”:”harmony-to-be-illuminated-through-the-burning-of-ravana-a-muslim-family-in-nahan-is-crafting-effigies-2026-10-15″,”type”:”feature-story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”सौहार्द की मिसाल: नाहन में मुस्लिम परिवार बना रहा रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतले”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

नाहन में मुस्लिम परिवार बना रहा रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतले ।
– फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
ऐतिहासिक नाहन शहर का दशहरा उत्सव गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश करता है। यहां दशहरे पर जलाए जाने वाले रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतले उत्तर प्रदेश के शामली से आने वाला मुस्लिम परिवार तैयार करता है। वर्षों से चली आ रही परंपरा साझा संस्कृति और सौहार्द की मिसाल है। शामली जिले के थाना कस्बे के निवासी मोहम्मद सद्दाम और सलीम अहमद का परिवार दशहरे से नौ-दस दिन पहले नाहन पहुंच जाता है। परिवार के नौ से दस सदस्य दिन-रात मेहनत कर तीनों पुतलों को आकार देते हैं। इस बार भी कारीगर देर रात तक काम कर पुतलों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं। पुतले बनाना इस परिवार का पुश्तैनी पेशा है। यह काम उनके लिए रोजी-रोटी का जरिया होने के साथ दशहरे के आयोजन से जुड़ने का माध्यम भी है। कारीगर पुतलों को आकर्षक बनाने के लिए मेहनत करते हैं। दशहरे के दिन जब पुतलों का दहन होता है, तो उन्हें भी अपनी मेहनत सफल होने की खुशी मिलती है।
Source: Read original article