पंजाब, हरियाणा और अन्य राज्यों में फलों-सब्जियों के कई नमूनों में कीटनाशकों के अवशेष तय सीमा से अधिक पाए गए हैं। पंजाब में 55 और हरियाणा में 152 सैंपल मानकों पर खरे नहीं उतरे। तय सीमा से अधिक कीटनाशक अवशेषों का लंबे समय तक सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है जिससे कई बीमारियां होने का खतरा है। कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय की रिपोर्ट में यह बात सामने आई है।

रिपोर्ट के अनुसार सब्जियों, फलों, मसालों, अनाज, दालों और अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने खुदरा दुकानों, थोक बाजारों, सहकारी समितियों, कृषि उपज बाजार (एपीएमसी) बाजारों, खेतों से सीधे और जैविक उत्पाद बेचने वाले केंद्रों से लिए गए हैं। इन नमूनों को 40 प्रयोगशालाओं द्वारा एकत्र किया गया और उनमें कीटनाशकों के अवशेषों की संभावित मौजूदगी की जांच की गई।

वर्ष 2023 से 2026 तक पंजाब में 6580 सैंपल लिए गए और 55 सैंपलों में कीटनाशकों के अवशेष तय मात्रा से अधिक पाए गए। इसी तरह हरियाणा में 2371 में से 152 नमूनों में तय मात्रा से अधिक अवशेष पाए गए हैं। इसी तरह हिमाचल प्रदेश में 5765 में से 92 नमूने, जम्मू-कश्मीर में 1489 में से 58 और राजस्थान में 3564 में से 111 फीसदी नमूनों में कीटनाशकों के अवशेष निर्धारित सीमा से अधिक पाए गए हैं।

Source: Read original article

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed